संवाददाता: प्रिंस गुप्ता, मण्डल प्रभारी, पुलिस दर्पण
भदोही। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), भदोही में आयोजित पाँच दिवसीय ब्लॉक स्तरीय संदर्भदाता प्रशिक्षण कार्यक्रम का बुधवार को सफलतापूर्वक समापन हो गया। कार्यक्रम का उद्देश्य नई एनसीईआरटी आधारित हिंदी, गणित एवं अंग्रेजी की पाठ्यपुस्तकों के प्रभावी क्रियान्वयन के साथ-साथ निपुण भारत मिशन के अंतर्गत शिक्षकों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण प्रदान करने हेतु संदर्भदाताओं को दक्ष बनाना रहा।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को भाषा एवं गणित शिक्षण की नवीन रणनीतियों, गतिविधि आधारित शिक्षण, खुले प्रश्नों के प्रभावी उपयोग, सतत एवं व्यापक मूल्यांकन, अधिगम अंतराल को दूर करने की शिक्षण पद्धति तथा प्रभावी कक्षा संचालन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यवहारिक एवं गतिविधि-आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया गया। विशेषज्ञों ने बताया कि इन नवाचारों के माध्यम से विद्यार्थियों की बुनियादी साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान को और अधिक सुदृढ़ बनाया जा सकेगा।
समापन समारोह को संबोधित करते हुए उप शिक्षा निदेशक एवं डायट प्राचार्य अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान और अनुभव का प्रभाव ब्लॉक स्तर पर आयोजित शिक्षक प्रशिक्षण में स्पष्ट रूप से दिखाई देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब शिक्षक नई शिक्षण विधियों को प्रभावी ढंग से अपनाएंगे, तभी बच्चों के सीखने के स्तर में अपेक्षित सुधार संभव होगा
वरिष्ठ प्रवक्ता योगेन्द्र यादव ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 एवं निपुण भारत मिशन के उद्देश्यों को सफल बनाने के लिए सभी प्रतिभागियों से समर्पित भाव से कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण प्रारंभिक शिक्षा ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव है और इसके लिए शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों एवं प्रशिक्षण में सहयोग देने वाले संदर्भदाताओं को प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। आयोजकों ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रशिक्षण का सकारात्मक प्रभाव विद्यालयों में बच्चों की बुनियादी शिक्षा को और अधिक प्रभावी, रोचक एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
