जिसे पकड़ने में अंग्रेजों के छूट गए थे पसीने, क्या आप पहचानते हैं इसे?
रोहिलखंड और तराई के इतिहास की एक दुर्लभ तस्वीर

यह तस्वीर रोहिलखंड और तराई क्षेत्र के इतिहास की सबसे चर्चित और दुर्लभ तस्वीरों में गिनी जाती है।
बताया जाता है कि यह ऐतिहासिक फोटो सुल्ताना डाकू की गिरफ्तारी के बाद हरिद्वार और नजीबाबाद के बीच स्थित श्यामपुर गांव में खींची गई थी।
तस्वीर के बीच में खड़ा व्यक्ति कुख्यात सुल्ताना डाकू है, जबकि उसके दोनों ओर ब्रिटिश शासन के पुलिसकर्मी और अधिकारी दिखाई दे रहे हैं। 20वीं शताब्दी के शुरुआती दौर में सुल्ताना डाकू का नाम पूरे रोहिलखंड और तराई क्षेत्र में चर्चा का विषय था। उसकी गतिविधियों के कारण ब्रिटिश सरकार ने उसे पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया था।
लंबे प्रयासों और सुनियोजित रणनीति के बाद ब्रिटिश पुलिस अधिकारियों फ्रेडी यंग और सैमुअल पियर्स के नेतृत्व में सुल्ताना को गिरफ्तार किया गया।
कहा जाता है कि उसकी गिरफ्तारी किसी बड़ी मुठभेड़ का परिणाम नहीं थी, बल्कि मुखबिर तंत्र और पुलिस की रणनीतिक योजना की सफलता थी।
मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर गैण्डीखाता क्षेत्र में जाल बिछाया गया और तय स्थान पर पहुंचते ही सुल्ताना को घेरकर गिरफ्तार कर लिया गया।
यह घटना आगे चलकर रोहिलखंड के इतिहास की सबसे चर्चित घटनाओं में शामिल हो गई।
आज भी यह तस्वीर उस दौर की एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहर मानी जाती है, जो क्षेत्र के इतिहास और ब्रिटिश शासन के समय की यादों को जीवंत करती है।
