संवाददाता: पुलिस दर्पण वाराणसी
वाराणसी। वाराणसी के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मरीज की मौत के बाद परिजनों ने डॉक्टरों और अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल ने इलाज के नाम पर लगातार पैसे जमा कराने का दबाव बनाया और समय पर उचित उपचार नहीं मिलने से मरीज की जान चली गई। घटना के बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक हंगामे की स्थिति बनी रही।
परिजनों के अनुसार मरीज को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनका कहना है कि भर्ती के बाद अस्पताल प्रशासन ने विभिन्न जांच और उपचार के नाम पर लगातार धनराशि जमा कराने को कहा। आरोप है कि आर्थिक मांग पूरी करने के बावजूद मरीज की हालत बिगड़ती गई और बाद में उसकी मौत हो गई।
मरीज की मौत की सूचना मिलते ही परिजनों में आक्रोश फैल गया। उन्होंने अस्पताल परिसर में विरोध प्रदर्शन करते हुए डॉक्टरों पर लापरवाही और धन उगाही के आरोप लगाए। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को बुलाना पड़ा।
सूचना पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने परिजनों को शांत कराया और पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस का कहना है कि परिजनों की शिकायत के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। यदि जांच में चिकित्सकीय लापरवाही या अन्य अनियमितता सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल प्रबंधन की ओर से मामले पर अपना पक्ष भी रखा गया है। प्रबंधन का कहना है कि मरीज का उपचार चिकित्सकीय मानकों के अनुसार किया गया और उसे बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए गए। अस्पताल ने लापरवाही के आरोपों से इनकार किया है।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। स्वास्थ्य विभाग और पुलिस दोनों स्तर पर तथ्य जुटाए जा रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मरीज की मौत किन परिस्थितियों में हुई और किसी प्रकार की लापरवाही हुई या नहीं।
नोट: यह समाचार उपलब्ध आरोपों और शिकायतों के आधार पर तैयार किया गया है। जांच पूरी होने तक आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।

