भदोही। काशी नरेश राज्य विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर उमा श्रीवास्तव के नेतृत्व में विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के भविष्य को नई दिशा देने की तैयारी में जुट गया है। नए शैक्षणिक सत्र से विश्वविद्यालय में कई आधुनिक एवं रोजगारपरक पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे, जिससे भदोही सहित आसपास के जिलों के हजारों विद्यार्थियों को अपने ही जिले में गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।

विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार आगामी सत्र से बीसीए (BCA), बीबीए (BBA), बीजेएमसी (BJMC), बीएससी कृषि, बीएससी कंप्यूटर साइंस, माइक्रोबायोलॉजी, इंडस्ट्रियल केमिस्ट्री, स्टैटिस्टिक्स एंड डेटा साइंस तथा बायोकैमिस्ट्री जैसे रोजगारोन्मुख पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे। इन पाठ्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक, प्रबंधन, मीडिया, विज्ञान और कृषि जैसे क्षेत्रों में बेहतर शिक्षा एवं रोजगार के लिए तैयार करना है।
इसके अलावा विश्वविद्यालय में आगामी शैक्षणिक सत्रों में विधि संकाय, फार्मेसी विभाग, इंस्टीट्यूट ऑफ परफॉर्मिंग आर्ट्स (गायन, वादन एवं नृत्य) तथा नर्सिंग एवं पैरामेडिकल संस्थान की स्थापना की भी योजना है। इन संस्थानों के शुरू होने से विद्यार्थियों को विभिन्न क्षेत्रों में उच्च शिक्षा के नए अवसर उपलब्ध होंगे।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इन नए पाठ्यक्रमों की शुरुआत भदोही के शैक्षणिक विकास में मील का पत्थर साबित होगी। इससे विद्यार्थियों को अन्य शहरों में जाकर पढ़ाई करने की मजबूरी कम होगी, समय और आर्थिक खर्च की बचत होगी तथा स्थानीय स्तर पर ही बेहतर करियर बनाने का अवसर मिलेगा।
काशी नरेश राज्य विश्वविद्यालय की यह पहल भदोही को उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। विद्यार्थियों और अभिभावकों में इस निर्णय को लेकर उत्साह का माहौल है तथा इसे जिले के उज्ज्वल शैक्षणिक भविष्य की मजबूत नींव के रूप में देखा जा रहा है।
